राजकीय तिब्बी कॉलेज अस्पताल में इलाज कराने वाले मरीजों के लिए अच्छी खबर है। अस्पताल में अब सर्जरी की सुविधा भी उपलब्ध होगी। इसके लिए अस्पताल प्रशासन की ओर से जनरल सर्जन की नियुक्ति की गई है। जनरल सर्जन डॉ. महिमा सिंह के अस्पताल में योगदान के बाद हर्निया, पथरी समेत कई ऐसी बीमारियों की सर्जरी संभव हो सकेगी, जिनके लिए मरीजों को पहले दूसरे अस्पतालों में रेफर करना पड़ता था। इस व्यवस्था से अस्पताल आने वाले मरीजों और उनके परिजनों को काफी राहत मिलने की उम्मीद है।
राजकीय तिब्बी कॉलेज अस्पताल में बड़ी संख्या में मरीज विभिन्न बीमारियों का इलाज कराने पहुंचते हैं। इनमें ऐसे मरीज भी शामिल होते हैं, जिन्हें दवाओं के साथ-साथ सर्जरी की आवश्यकता होती है। अब तक सर्जरी की सुविधा उपलब्ध नहीं होने के कारण ऐसे मरीजों को दूसरे अस्पतालों में रेफर करना पड़ता था। इससे मरीजों को अतिरिक्त खर्च, समय और परेशानी का सामना करना पड़ता था।
जनरल सर्जन की नियुक्ति के बाद अस्पताल में सर्जिकल सेवाओं का विस्तार किया जा सकेगा। हर्निया और पथरी जैसी सामान्य सर्जरी के साथ जरूरत के अनुसार अन्य ऑपरेशन भी किए जा सकेंगे। इससे अस्पताल में इलाज की व्यवस्था अधिक व्यापक होगी और मरीजों को एक ही स्थान पर जांच, परामर्श और सर्जरी की सुविधा मिलने का रास्ता साफ होगा।
राजकीय तिब्बी कॉलेज अस्पताल में सर्जरी सेवा शुरू करने का प्रयास पहले भी किया जा चुका है। वर्ष 2021 में अस्पताल में जनरल सर्जन डॉ. उमर अब्दुल्ला की नियुक्ति हुई थी। उस समय उम्मीद जगी थी कि अस्पताल में सर्जरी की सुविधा नियमित रूप से उपलब्ध होगी और मरीजों को रेफर किए जाने की समस्या कम होगी। हालांकि, कुछ दिनों बाद ही सर्जरी सेवा बंद हो गई। इसके कारण अस्पताल में सर्जरी की जरूरत वाले मरीजों को फिर से दूसरे अस्पतालों का सहारा लेना पड़ा। लंबे समय बाद एक बार फिर जनरल सर्जन की नियुक्ति से इस सेवा के पुनः शुरू होने की उम्मीद बढ़ी है।
अस्पताल में अब जनरल सर्जन के रूप में डॉ. महिमा सिंह की नियुक्ति की गई है। उनकी नियुक्ति को अस्पताल की चिकित्सा व्यवस्था को मजबूत करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। सर्जन की उपलब्धता से अस्पताल में सर्जरी से जुड़े मरीजों की जांच और उपचार को बेहतर तरीके से आगे बढ़ाया जा सकेगा। मरीजों के लिए यह व्यवस्था इसलिए भी महत्वपूर्ण है, क्योंकि किसी बीमारी में समय पर सर्जरी जरूरी होने पर रेफर किए जाने से इलाज में देरी की स्थिति पैदा हो सकती है। अस्पताल में ही विशेषज्ञ सर्जन उपलब्ध होने से मरीजों को समय पर चिकित्सकीय सलाह और आवश्यक उपचार मिलने की संभावना बढ़ेगी।
सर्जरी सेवा शुरू होने का सीधा लाभ हर्निया, पथरी और अन्य सर्जरी की जरूरत वाले मरीजों को मिल सकता है। आमतौर पर इन बीमारियों में कई मरीजों को ऑपरेशन की आवश्यकता होती है। ऐसे में यदि सरकारी अस्पताल में ही सर्जरी की सुविधा मिलती है तो आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों पर इलाज का अतिरिक्त बोझ कम होगा। इसके अलावा मरीजों के परिजनों को भी अलग-अलग अस्पतालों में इलाज की व्यवस्था करने की परेशानी से राहत मिल सकती है। अस्पताल में ही विशेषज्ञ चिकित्सक की उपलब्धता से मरीजों के उपचार की निरंतरता बनाए रखना आसान होगा।
सर्जरी सेवा की शुरुआत निश्चित रूप से मरीजों के हित में सकारात्मक कदम है, लेकिन इसकी सफलता इस बात पर निर्भर करेगी कि सेवा कितनी नियमित और प्रभावी तरीके से संचालित होती है। वर्ष 2021 का अनुभव बताता है कि केवल सर्जन की नियुक्ति पर्याप्त नहीं है। ऑपरेशन थिएटर, आवश्यक उपकरण, प्रशिक्षित पैरामेडिकल स्टाफ, एनेस्थीसिया की सुविधा और दवाओं की उपलब्धता भी सुनिश्चित करनी होगी। यदि इन सभी व्यवस्थाओं को मजबूत किया जाता है तो राजकीय तिब्बी कॉलेज अस्पताल में सर्जरी सेवा लंबे समय तक सुचारु रूप से चल सकती है। इससे अस्पताल की उपयोगिता बढ़ेगी और मरीजों का भरोसा भी मजबूत होगा।
जनरल सर्जन की नियुक्ति से अस्पताल में इलाज की सुविधाओं का दायरा बढ़ने की उम्मीद है। सर्जरी की जरूरत वाले मरीजों को अनावश्यक रूप से दूसरे अस्पतालों में रेफर नहीं करना पड़ेगा। इससे मरीजों को स्थानीय स्तर पर बेहतर चिकित्सा सुविधा मिल सकेगी। राजकीय तिब्बी कॉलेज अस्पताल में सर्जरी सेवा का दोबारा शुरू होना सरकारी स्वास्थ्य व्यवस्था के लिए भी महत्वपूर्ण कदम है। यदि यह सेवा नियमित रूप से संचालित होती है तो आने वाले समय में अस्पताल में सर्जरी कराने वाले मरीजों की संख्या बढ़ सकती है और अस्पताल एक ही परिसर में अधिक व्यापक उपचार उपलब्ध कराने की दिशा में आगे बढ़ सकेगा।

