28 अप्रैल 2025 को, स्पेन और पुर्तगाल में एक भीषण बिजली संकट ने जनजीवन को अस्त-व्यस्त कर दिया। दोपहर 12:34 बजे स्थानीय समय पर शुरू हुए इस ब्लैकआउट ने मैड्रिड, बार्सिलोना, लिस्बन, सेविल, और वालेंसिया जैसे प्रमुख शहरों को प्रभावित किया। इस संकट का प्रभाव फ्रांस के कुछ हिस्सों तक भी महसूस किया गया।
बिजली आपूर्ति बाधित होने से मेट्रो सेवाएं, ट्रैफिक लाइट्स, मोबाइल नेटवर्क, और एटीएम जैसी बुनियादी सेवाएं ठप हो गईं। मैड्रिड में, ट्रैफिक लाइट्स बंद होने से सड़कों पर जाम की स्थिति उत्पन्न हो गई, और पुलिस को यातायात नियंत्रित करने के लिए तैनात किया गया। स्पेन की राष्ट्रीय ग्रिड ऑपरेटर 'रेड इलेक्ट्रिका' ने बताया कि यह समस्या एक प्रणालीगत विफलता के कारण हुई है, और बिजली बहाल करने में 6 से 10 घंटे का समय लग सकता है।
इस ब्लैकआउट का असर खेल जगत पर भी पड़ा। मैड्रिड ओपन टेनिस टूर्नामेंट के दौरान, ग्रिगोर दिमित्रोव और जैकब फर्नली के बीच चल रहे मैच को बीच में ही रोकना पड़ा, क्योंकि स्कोरबोर्ड और लाइन कॉलिंग सिस्टम ने काम करना बंद कर दिया। इसके अलावा, एक 'स्पाइडर कैम' भी फंस गया, जिससे खिलाड़ियों की सुरक्षा को खतरा उत्पन्न हो गया। कोको गॉफ, जिन्होंने बेलिंडा बेनसिक को हराया था, उनकी पोस्ट-मैच इंटरव्यू भी तकनीकी समस्याओं के कारण बाधित हुई।
फ्रांस के कुछ हिस्सों में भी इस ब्लैकआउट का असर देखा गया, हालांकि वहां स्थिति जल्दी सामान्य हो गई। स्पेन और पुर्तगाल की सरकारों ने इस संकट से निपटने के लिए आपातकालीन बैठकें बुलाई हैं, और बिजली आपूर्ति बहाल करने के लिए प्रयास जारी हैं।
यह घटना यूरोप में बिजली आपूर्ति की नाजुकता और इसके व्यापक प्रभावों को उजागर करती है। आवश्यक है कि भविष्य में ऐसी घटनाओं से बचने के लिए मजबूत और सुरक्षित बिजली आपूर्ति प्रणालियों का विकास किया जाए।
