लोक जनशक्ति पार्टी (रामविलास) के प्रमुख चिराग पासवान ने एक बार फिर से अपने तीखे तेवर दिखाते हुए महागठबंधन पर हमला बोला है। उन्होंने विपक्षी दलों को ललकारते हुए कहा कि अगर तेजस्वी यादव और राहुल गांधी में हिम्मत है, तो वे बिहार विधानसभा चुनाव का बहिष्कार करें और मैदान छोड़ दें।
चिराग पासवान ने कहा कि महागठबंधन की हालत बदहाली में है। जनता ने लोकसभा चुनाव में उन्हें पूरी तरह से खारिज कर दिया है। अब ये लोग चुनाव आयोग, ईवीएम और लोकतांत्रिक संस्थाओं पर सवाल खड़े करके अपनी हार को छिपाने की कोशिश कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि जिनके पास न तो कोई जनाधार है, न कोई नीति, वही अब लोकतंत्र को दोषी ठहराने की राजनीति कर रहे हैं।
चिराग ने आगे कहा कि राहुल गांधी और तेजस्वी यादव को अगर सच में लगता है कि चुनाव निष्पक्ष नहीं हो रहे, तो उन्हें खुद को लोकतांत्रिक व्यवस्था से अलग कर लेना चाहिए और बिहार चुनाव में हिस्सा ही नहीं लेना चाहिए। यह उनका असली इम्तहान होगा। सिर्फ प्रेस कॉन्फ्रेंस करके रोना-धोना करने से कुछ नहीं होगा।
एलजेपी नेता ने यह भी कहा कि केंद्र सरकार और चुनाव आयोग की निष्पक्षता पर सवाल उठाने वाले खुद अपनी सरकारों में लोकतंत्र का गला घोंटते रहे हैं। उन्होंने दावा किया कि एनडीए बिहार में दो तिहाई बहुमत से सरकार बनाएगा और जनता एक बार फिर पीएम नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में विश्वास जताएगी।
बिहार में चुनावी माहौल गरमाता जा रहा है और चिराग पासवान की यह चुनौती महागठबंधन के लिए नई परेशानी बन सकती है। अब देखना यह होगा कि तेजस्वी और राहुल इस चुनौती का क्या जवाब देते हैं।
