न्यूयॉर्क में विदेश मंत्री एस. जयशंकर ने अमेरिकी सीनेट सदस्य मार्को रुबियो से मुलाकात की। यह बैठक ऐसे समय पर हुई जब भारत और अमेरिका के बीच व्यापार और टैरिफ़ से जुड़े तनाव बढ़े हुए हैं। संयुक्त राष्ट्र महासभा सत्र के दौरान हुई इस मुलाकात में द्विपक्षीय संबंधों और वैश्विक मुद्दों पर चर्चा हुई। बातचीत का मुख्य केंद्र अमेरिका द्वारा भारत के कुछ उत्पादों पर लगाए गए अतिरिक्त शुल्क और H-1B वीज़ा नीति जैसे संवेदनशील विषय रहे। जयशंकर ने यह साफ किया कि दोनों देशों के बीच प्रगति के लिए लगातार सहयोग और संवाद बनाए रखना बेहद ज़रूरी है। उन्होंने इस बात पर ज़ोर दिया कि आपसी मतभेदों को बातचीत और साझेदारी से दूर किया जा सकता है। मुलाकात के दौरान दोनों नेताओं ने संपर्क बनाए रखने और साझा हितों के मुद्दों पर मिलकर काम करने पर सहमति जताई। यह बैठक इसलिए भी अहम मानी जा रही है क्योंकि इसी समय भारत का एक व्यापारिक प्रतिनिधिमंडल अमेरिका में मौजूद था, जिसकी अगुवाई केंद्रीय मंत्री पीयूष गोयल कर रहे थे, और जिसका उद्देश्य भारत-अमेरिका व्यापार समझौते को आगे बढ़ाना है। हालांकि बैठक में किन-किन बिंदुओं पर ठोस सहमति बनी, इसका आधिकारिक विवरण सामने नहीं आया है। फिर भी यह माना जा रहा है कि इस मुलाकात से दोनों देशों के बीच चल रहे विवादों को सुलझाने की दिशा में सकारात्मक पहल हो सकती है।
